कोर्ट के बाहर फिल्मी स्टाइल में कार्रवाई

Newjline.com report

Highlights
🔴 सीधी जिला न्यायालय के बाहर लोकायुक्त का बड़ा ट्रैप।
🔴 जिला लोक अभियोजन अधिकारी (DPO) 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार।
🔴 चेक बाउंस मामले में कानूनी अभिमत देने के बदले मांगी थी 20 हजार रुपये की घूस।
🔴 आरोपी पहले ही 8 हजार रुपये ले चुका था।
🔴 15 सदस्यीय लोकायुक्त टीम ने फिल्मी अंदाज में की कार्रवाई।
🔴 आरोपी को सर्किट हाउस ले जाकर वैधानिक कार्रवाई शुरू।
मध्य प्रदेश के सीधी जिले में भ्रष्टाचार के खिलाफ लोकायुक्त ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई करते हुए जिला न्यायालय के जिला लोक अभियोजन अधिकारी (डीपीओ) को 10 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। जिला न्यायालय के ठीक बाहर हुई इस कार्रवाई से न्यायालय परिसर और प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया।
इसलिए मांगी रिश्वत…

मामला चेक बाउंस से जुड़ी शिकायत का है। फरियादी की एफआईआर दर्ज कराने के लिए कानूनी अभिमत देने के एवज में आरोपी अधिकारी ने 20 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की थी।
पहले 8 हजार लिए, दूसरी किश्त लेते ही बिछ गया जाल
लोकायुक्त के अनुसार आरोपी अधिकारी पहले ही 8 हजार रुपये ले चुका था। तय योजना के तहत जब फरियादी ने दूसरी किश्त के रूप में 10 हजार रुपये दिए, तभी पहले से निगरानी कर रही लोकायुक्त टीम ने उसे मौके पर ही दबोच लिया।
फिल्मी अंदाज में कार्रवाई
करीब 15 सदस्यीय लोकायुक्त टीम ने जिला न्यायालय के सामने पूरे ऑपरेशन को अंजाम दिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी अधिकारी को सीधी सर्किट हाउस ले जाया गया, जहां नोटों का सत्यापन, हाथ धुलवाने की प्रक्रिया और अन्य वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
सरकारी महकमों में हलचल
लगातार कम समय में लोकायुक्त की दूसरी बड़ी कार्रवाई ने जिले के सरकारी महकमों में हलचल मचा दी है। माना जा रहा है कि इस कार्रवाई के बाद रिश्वतखोरी में लिप्त अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच खौफ का माहौल है।