ujjain mahakal sawari महाकाल की राजसी सवारी को लेकर उड़ी अफसरों की नींद

* आधी रात में सड़कों पर उतरे कलेक्टर, निगम आयुक्त, राजसी सवारी मार्ग पर खुद देखी हकीकत

भगवान महाकाल की राजसी सवारी को लेकर अफसरों की नींद उड़ गई है। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि सोमवार को दिनभर पांचवीं सवारी की तैयारी में थके हारे कलेक्टर रौशन कुमार सिंह और निगमायुक्त अभिलाष मिश्रा आधी रात को ही सड़क पर उतर आए। वजह थी अगले सोमवार 7 सितंबर को निकलने वाली राजाधिराज महाकाल की राजसी सवारी। कलेक्टर ने नगर निगम आयुक्त और अधिकारियों के साथ राजसी सवारी मार्ग का अचानक निरीक्षण किया और मौके पर चल रहे निर्माण कार्यों की वास्तविक स्थिति देखी।
पैदल चले कलेक्टर, एक-एक काम की ली जानकारी
कलेक्टर सिंह ने सती गेट से कंठाल, रीगल टॉकीज शॉपिंग कॉम्प्लेक्स और हैरिटेज होटल के सामने बन रहे महाकाल मार्ग से हरसिद्धि चौराहे तक पैदल भ्रमण किया। उन्होंने सड़क चौड़ीकरण सहित निर्माण और मरम्मत कार्यों की प्रगति देखी तथा अधिकारियों से मौके पर ही जानकारी ली।
कोई काम अधूरा नहीं रहना चाहिए
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों और निर्माण एजेंसियों को दो टूक कहा कि 7 सितंबर से पहले मार्ग का हर फिनिशिंग कार्य पूरा होना चाहिए। सड़क का समतलीकरण, मरम्मत और अन्य जरूरी काम समय सीमा में पूरे करने को कहा गया, ताकि राजसी सवारी के दौरान श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो।
प्रशासन का पूरा जोर राजसी सवारी मार्ग को व्यवस्थित, सुगम और सुरक्षित बनाने पर है। खास बात यह रही कि कलेक्टर ने दिन के बजाय आधी रात को मौके पर पहुंचकर निर्माण कार्यों की स्थिति परखी, जिससे अधिकारियों और निर्माण एजेंसियों में भी काम को लेकर तेजी दिखाई दे रही है।
निरीक्षण के दौरान नगर निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा, अपर कलेक्टर एवं महाकाल मंदिर प्रशासक प्रथम कौशिक, अपर कलेक्टर एवं जिला पंचायत सीईओ श्रेयांश कूमट सहित संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
सीएम दे गए निर्देश…?
चर्चा यह भी है कि सीएम डॉ. यादव पांचवीं सवारी में शामिल होने आए थे। इस दौरान उन्हें यह बताया गया कि द सम्राट विक्रमादित्य हेरिटेज होटल के सामने की रोड का काम लंबे समय से ठंडे बस्ते में है। इससे यात्री होटल तक आ नहीं पा रहे और पर्यटन विभाग को आर्थिक चपत लग रही। दर्शनार्थी दूसरी होटलों में ही ठहर रहे। सीएम ने इस मामले को गंभीरता से लिया, ऐसा बताया जा रहा है।