पूर्व सीएमओ की भी वेतनवृद्धि रोकने का आदेश
उज्जैन में कलेक्टर रहे आयुक्त संकेत भोंडवे ने दिखाई सख्ती
भोपाल। जहरीले पानी के कारण हुई 26 मौतों से देश का सबसे स्वच्छ शहर इंदौर जूझ रहा है और सरकारी अफसर किस तरह पेयजल के नाम पर घोटाले करते हैं, इसका एक मामला उज्जैन संभाग के सोनकच्छ से सामने आया है। नगरीय प्रशासन आयुक्त संकेत भोंडवे ने तीन इंजीनियरों सहित छह के इंक्रीमेंट रोकने का आदेश जारी किया है।
नगर परिषद सोनकच्छ में मुख्यमंत्री शहरी पेयजल योजना के तहत बिछाई गई पाइपलाइन में यह घोटाला किया गया। इसकी जांच हुई तो आधा दर्जन सरकारी मुलाजिम पकड़ में आए। मामला नगरीय प्रशासन एवं विकास आयुक्त भोंडवे के पास पहुंचा तो उन्होंने दोषी सभी सेवकों की वेतनवृद्धि रोक दी। उपयंत्री ओमप्रकाश द्विवेदी और शिवानी गर्ग की तीन और शशांक शाह की दो वेतन वृद्धियां रोक दी। तत्कालीन सीएमओ सीएल कैथल का एक इंक्रीमेंट संचयी प्रभाव से रोका गया। मोहम्मद अशफाक खान और रवि भट्ट की एक एक वेतनवृद्धि असंचयी प्रभाव से रोकी गई है।
सोनकच्छ में पेयजल बिछाने के नाम पर गड़बड़ी, 6 पर कार्रवाई
