बगलामुखी मंदिर में वीआईपी दर्शन बंद, त्रिशूल मंडपम से दर्शन

  • नलखेड़ा में सुबह से आने लगे दर्शनार्थी, बदली दर्शन व्यवस्था, चार कतारों से दर्शन

शारदीय नवरात्रि में मां बगलामुखी के दर्शन के लिए नलखेड़ा में उज्जैन से 100 किलोमीटर दूर नलखेड़ा स्थित  मां बगलामुखी के दर्शन के लिए आज रविवार सुबह से भक्तों का जमघट लग गया है।मंदिर प्रबंधन ने दर्शन व्यवस्था में बदलाव किया है। नवरात्रि के नौ दिनों तक आम और खास का अंतर खत्म रहेगा। वीआईपी सहित किसी भी श्रद्धालु को गर्भगृह में प्रवेश नहीं मिलेगा। सभी भक्त त्रिशूल मंडपम से निर्धारित व्यवस्था के तहत मां के दर्शन करेंगे।
सुबह से ही श्रद्धालुओं के आने का सिलसिला शुरू हो गया है और भीड़ को व्यवस्थित करने के लिए तैयारियां की गई हैं। मंदिर समिति के अनुसार, श्रद्धालुओं को पार्किंग स्थल से करीब 100 मीटर पैदल चलकर त्रिशूल मंडपम तक पहुंचना होगा। यहां चार कतारों के माध्यम से दर्शन कराने की व्यवस्था बनाई जा रही है। समिति का प्रयास है कि भीड़ अधिक होने पर भी श्रद्धालुओं को लगभग आधे घंटे में दर्शन कराए जा सकें।
सामान्य दिनों में प्रोटोकॉल के तहत वीआईपी श्रद्धालुओं को विशेष सुविधाएं दी जाती हैं, लेकिन नवरात्रि में सभी के लिए समान दर्शन व्यवस्था लागू रहेगी। मंदिर प्रबंधन का उद्देश्य भीड़ के दबाव के बीच दर्शन व्यवस्था को सुचारु बनाए रखना है।
देशभर से श्रद्धालु मां बगलामुखी के दर्शन और हवन-पूजन के लिए नलखेड़ा पहुंचते हैं। नवरात्रि के दौरान सामान्य दिनों में प्रतिदिन 30 हजार से अधिक श्रद्धालुओं के आने का अनुमान है। अवकाश के दिनों में यह संख्या करीब 60 हजार तक पहुंच सकती है, जबकि अष्टमी पर एक लाख श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है।
इतनी बड़ी संख्या को देखते हुए मंदिर परिसर के साथ आसपास के क्षेत्रों में भीड़ नियंत्रण, यातायात और पार्किंग की व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। मंदिर के नजदीक स्थित पार्किंग स्थल पर निर्धारित क्षमता के अनुसार वाहन खड़े कराए जाएंगे। जगह भरने पर वाहनों को आसपास के चिह्नित स्थलों पर खड़ा कराया जाएगा।
कतारों में पेयजल और छांव, चिकित्सा दल भी रहेगा तैनात
भीड़ और गर्मी से श्रद्धालुओं को राहत देने के लिए कतारों में पेयजल और छांव की व्यवस्था की जाएगी। किसी भक्त की तबीयत बिगड़ने या स्वास्थ्य संबंधी परेशानी होने पर सहायता के लिए चिकित्सा दल भी उपलब्ध रहेगा।
पुलिस चौकी और सीसीटीवी से निगरानी
नवरात्रि के दौरान सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए मंदिर परिसर में पुलिस चौकी संचालित होगी। सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से भी परिसर पर नजर रखी जाएगी। प्रशासन और मंदिर प्रबंधन यातायात, पार्किंग तथा भीड़ नियंत्रण की व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने में जुटे हैं, ताकि श्रद्धालु बिना अनावश्यक परेशानी के मां बगलामुखी के दर्शन कर सकें।