* कहा एलिवेटेड ब्रिज से शहर बेहाल, विकास जरूरी लेकिन व्यवस्था भी करें
Newjline.com report
बीच सड़क पर गंदे पानी में लोगों के साथ धरने पर बैठे भाजपा पार्षद हेमंत गेहलोत का मामला सुर्खियों में आने के बाद अब दूसरे भाजपा पार्षद शिवेंद्र तिवारी ने शहर की बेहाल व्यवस्था को लेकर सवाल खड़ा किया है। उन्होंने कहा कि इससे हादसे का खतरा बढ़ रहा है। उन्होंने महापौर और निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा को पत्र लिखे हैं। कहा है कि सिंहस्थ 2028 की तैयारियों के बीच शहर में चल रहे विभिन्न विकास कार्यों के कारण यातायात व्यवस्था प्रभावित होने लगी है। सड़कों पर निर्माण सामग्री, अस्थायी अतिक्रमण और जगह-जगह चल रहे कार्यों के चलते आम नागरिकों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इन समस्याओं को लेकर नगर निगम के वार्ड क्रमांक 6 के पार्षद शिवेंद्र तिवारी ने महापौर और नगर निगम आयुक्त को पत्र लिखकर यातायात व्यवस्था सुचारु करने तथा विकास कार्यों में आ रही बाधाओं को दूर करने की मांग की है।
पार्षद ने अपने पत्र में उल्लेख किया है कि सिंहस्थ 2028 के अंतर्गत नगर निगम सहित विभिन्न विभागों द्वारा शहर में अलग-अलग स्थानों पर विकास कार्य कराए जा रहे हैं। इन कार्यों के चलते शहर की यातायात व्यवस्था प्रभावित हो रही है। कई स्थानों पर सड़कें संकरी हो गई हैं, वहीं अस्थाई अतिक्रमण के कारण आवागमन में अतिरिक्त परेशानी आ रही है। पत्र में पुराने शहर में सीवरेज के कार्यों और सड़कों पर चल रहे निर्माण का भी उल्लेख किया गया है। पार्षद ने दावा किया है कि एलिवेटेड ब्रिज निर्माण क्षेत्र में सड़क दुर्घटनाओं के कारण तीन लोगों की मौत हो चुकी है। उन्होंने इस स्थिति पर चिंता जताते हुए निर्माण स्थलों पर यातायात की बेहतर व्यवस्था करने की आवश्यकता बताई है।
पार्षद के अनुसार आगर रोड पर एलिवेटेड ब्रिज का निर्माण कर रही कंपनी द्वारा लगाए गए अव्यवस्थित बैरिकेड और निर्माण संबंधी व्यवस्थाओं के कारण वाहन चालकों को परेशानी हो रही है। मार्ग पर यातायात बाधित होने के साथ अस्थायी अतिक्रमण की समस्या भी बनी हुई है।
उन्होंने निगम प्रशासन से मांग की है कि निर्माण कार्यों के दौरान यातायात को सुचारु बनाए रखने के लिए उचित इंतजाम किए जाएं, ताकि नागरिकों को जाम और दुर्घटनाओं के खतरे से राहत मिल सके। अतिक्रमण हटाने और निर्माण कार्यों में तेजी लाने की मांग
शिवेंद्र तिवारी ने महापौर और निगम आयुक्त से आग्रह किया है कि सिंहस्थ 2028 से जुड़े विकास कार्यों की नियमित समीक्षा की जाए। साथ ही सड़कों पर यातायात में बाधा बन रहे अस्थायी अतिक्रमण हटाए जाएं और एलिवेटेड ब्रिज निर्माण के दौरान लगाए गए बैरिकेड व्यवस्थित किए जाएं। उन्होंने सीवरेज सहित अन्य विकास कार्यों को समय-सीमा में पूरा कराने पर भी जोर दिया है। पार्षद का कहना है कि सिंहस्थ की तैयारियां शहर के विकास के लिए जरूरी हैं, लेकिन इन कार्यों के दौरान आम नागरिकों की सुरक्षा और आवागमन की सुविधा को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।
अब देखना होगा कि नगर निगम प्रशासन इस शिकायत पर क्या कदम उठाता है और शहरवासियों को यातायात की समस्याओं से राहत दिलाने के लिए कितनी जल्दी ठोस कार्रवाई की जाती है।











